प्रिय मित्रों
सादर नमस्कार !!!
सादर नमस्कार !!!
आजादी की 70वीं वर्षगांठ चल रही है और कल यानी की 24 अगस्त को अमर शहीद राजगुरु का जन्मदिन है, इनका जन्म वर्ष 1908 में पुणे के पास खेड़ ज़िले में हुआ था, अब इस ज़िले का नाम इन्ही के नाम यानी राजगुरु नगर कर दिया गया है. इनके जन्मदिन के इस पावन अवसर पर आज मैं आपको उनको पैतृक निवास, जो की महाराष्ट्र के पुणे से मात्र 44 किलोमीटर की दूरी पर है , वहां ले कर चल रहा हूँ. 22 वर्ष की अल्पायु में अपने प्रिय मित्रों भगत सिंह और सुखदेव के साथ 23 मार्च 1931 को माँ भारती के लिए हँसते हँसते फांसी के फंदे पर झूल गए थे.